महसूस


कई बार ऐसा हुआ है उसे मैंने महसूस किया है
आँखों का भ्रम कहो या मन का धुंदला विश्वास
कई बार उसने मेरे कंधो पे हाथ रखा है
जब भी पलट कर देखा वो धुंदला नज़र आया है

कई बार ऐसा हुआ है उसे मैंने महसूस किया है
उसने आँखों की सुजन को भी पढ़ा है
पहली बूँद जो टपकी झट से उसने  उठाया है
जब भी दूसरी बूँद टपकी मैंने उसे पिया है

कई बार ऐसा हुआ है उसे मैंने महसूस किया है
उसने मेरे उलझे बालों को सहलाया है
पहली लट जो उडी थी कानो के पीछे उसने घुमाया है
दूसरी लट जो उडी थी आँखों को उन्होंने चुभाया है

कई बार ऐसा हुआ है उसे मैंने महसूस किया है

About these ads

14 thoughts on “महसूस

  1. I would wish to start off off by stating, thank you for supplying me by using the data I’ve been browsing for. I’ve been surfing the web for 3 hrs hunting for it and would have offered my correct arm if I would have positioned your website sooner. Not only did I come across what I was exploring for, but found answers to questions I hardly ever even thought to ask myself. Thank you on your awesome web-site!

Liked or disliked what you read? Leave a comment.

Fill in your details below or click an icon to log in:

WordPress.com Logo

You are commenting using your WordPress.com account. Log Out / Change )

Twitter picture

You are commenting using your Twitter account. Log Out / Change )

Facebook photo

You are commenting using your Facebook account. Log Out / Change )

Google+ photo

You are commenting using your Google+ account. Log Out / Change )

Connecting to %s